देहरादून: देहरादून में पिछले 148 दिनों से चल रहे धरने और 9 दिनों से जारी भूख हड़ताल के बीच स्थिति अब बेहद गंभीर हो गई है। नर्सिंग एकता मंच की महिला अभ्यर्थी शिरा बधानी की हालत बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका ब्लड प्रेशर 88/52 mmHg तक पहुंच गया है, जो चिकित्सकीय रूप से बेहद चिंताजनक माना जाता है।
आंदोलन की पृष्ठभूमि
नर्सिंग एकता मंच वर्षवार नियुक्ति (वर्षवार भर्ती) की मांग को लेकर लंबे समय से आंदोलन कर रहा है। अभ्यर्थियों का कहना है कि उनके पास अनुभव होने के बावजूद भर्ती प्रक्रिया में बदलाव कर लिखित परीक्षा को आधार बनाया गया, जिससे कई योग्य उम्मीदवार चयन से वंचित रह गए।
स्वास्थ्य स्थिति गंभीर
डॉक्टरों के अनुसार भूख हड़ताल के कारण शरीर में कमजोरी, इंफेक्शन और ब्लड प्रेशर में तेजी से गिरावट देखी गई है। महिला की हालत को देखते हुए चिकित्सकों की निगरानी में रखा गया है।
सरकार पर लापरवाही का आरोप
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि स्वास्थ्य मंत्री और संबंधित विभाग उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रहे हैं, जिससे आंदोलनकारियों में निराशा और आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
रिक्त पदों का दावा
अभ्यर्थियों का यह भी कहना है कि IPHS मानकों के अनुसार विभाग में अभी भी 2000 से अधिक पद रिक्त हैं, बावजूद इसके भर्ती प्रक्रिया को लेकर स्पष्ट नीति नहीं अपनाई जा रही है।
