हरिद्वार: 30 जुलाई से शुरू होने जा रहे कांवड़ मेले से पहले अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज ने शिवभक्त कांवड़ियों से यात्रा के दौरान भोजन और पेय पदार्थ ग्रहण करने से पहले पूरी जांच-पड़ताल करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालु किसी भी होटल, ढाबे या दुकान पर भोजन करने से पहले वहां उपलब्ध QR कोड स्कैन कर संचालक की जानकारी अवश्य देख लें, ताकि बाद में किसी प्रकार का विवाद या भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो।
रविंद्रपुरी महाराज ने कहा कि कांवड़ यात्रा भगवान शिव के प्रति आस्था, श्रद्धा और सनातन परंपरा का प्रतीक है। इस यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु व्रत और सात्विक जीवनशैली का पालन करते हैं। ऐसे में भोजन और पेय पदार्थ ग्रहण करते समय विशेष सतर्कता बरतना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि यदि किसी प्रतिष्ठान पर QR कोड उपलब्ध हो तो उसे स्कैन कर खाते से संबंधित जानकारी देखी जा सकती है। साथ ही दुकान पर लगे बैनर, धार्मिक प्रतीकों और अन्य उपलब्ध सूचनाओं पर भी ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि पूर्व में ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें कुछ लोगों ने अपनी वास्तविक पहचान छिपाकर दुकानें संचालित कीं और बाद में पहचान सामने आने पर विवाद की स्थिति बनी। ऐसे घटनाक्रमों से बचने के लिए श्रद्धालुओं को पहले ही आवश्यक जानकारी प्राप्त कर लेनी चाहिए। उनका कहना था कि इससे कांवड़िए अपनी संतुष्टि के अनुसार निर्णय ले सकेंगे कि उन्हें संबंधित प्रतिष्ठान से भोजन करना है या नहीं।
रविंद्रपुरी महाराज ने कहा कि कांवड़ यात्रा सात्विक और शुद्ध आस्था की यात्रा है। इसलिए किसी भी श्रद्धालु की धार्मिक भावनाएं आहत न हों और यात्रा की पवित्रता बनी रहे, इसके लिए सभी को जागरूक रहने की आवश्यकता है। उन्होंने शिवभक्तों से अफवाहों और उकसावे से दूर रहने तथा पूरी यात्रा के दौरान संयम, अनुशासन और कानून का पालन करने की भी अपील की।
इस वर्ष कांवड़ मेले में करीब पांच करोड़ श्रद्धालुओं के पहुंचने का अनुमान है। हरिद्वार, ऋषिकेश, गंगोत्री और अन्य पवित्र स्थलों पर गंगाजल लेने के लिए देशभर से शिवभक्त पहुंचेंगे। इसे देखते हुए प्रशासन सुरक्षा, यातायात, चिकित्सा और स्वच्छता सहित सभी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटा है, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम यात्रा का अनुभव मिल सके।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, मुख्य सचिव आनंद बर्धन और डीजी लॉ एंड ऑर्डर वी. मुरुगेशन भी कांवड़ मेले की तैयारियों की समीक्षा कर चुके हैं। वहीं, पुलिस प्रशासन और संत समाज लगातार श्रद्धालुओं से नियमों का पालन करने तथा शांतिपूर्ण और सुरक्षित कांवड़ यात्रा सुनिश्चित करने की अपील कर रहे हैं।
