हरिद्वार। उत्तराखंड सरकार राज्य में धार्मिक और पर्यटन ढांचे को मजबूत करने के लिए बड़े स्तर पर काम कर रही है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगा-शारदा कॉरिडोर परियोजना को सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल बताया है। इस परियोजना के तहत ऋषिकेश, हरिद्वार और चंपावत जिले के टनकपुर में भव्य रिवर फ्रंट विकसित किए जाएंगे।
हरिद्वार दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने बताया कि इन परियोजनाओं के लिए बजट में प्रावधान किया जा चुका है और अब निर्माण कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा। गंगा कॉरिडोर के तहत ऋषिकेश और हरिद्वार में आधुनिक सुविधाओं से लैस रिवर फ्रंट बनाए जाएंगे, जबकि टनकपुर में शारदा नदी के किनारे इसी तर्ज पर विकास कार्य किए जाएंगे।
धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
सरकार का मानना है कि इन रिवर फ्रंट परियोजनाओं के विकसित होने से प्रदेश में धार्मिक पर्यटन को नया आयाम मिलेगा। गंगा और शारदा नदी के तटों पर सुगम आवागमन, सौंदर्यीकरण और श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने के साथ ही रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
कुंभ 2027 की तैयारियां तेज
मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2027 में होने वाले कुंभ मेले की तैयारियों को लेकर सरकार मिशन मोड में काम कर रही है। सभी कार्यों को समय पर पूरा करने के लिए स्पष्ट टाइमलाइन तय की गई है और शासन स्तर पर बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जा रहा है। आवश्यकतानुसार मुख्यमंत्री स्वयं भी हरिद्वार पहुंचकर कार्यों की समीक्षा करेंगे।
मिशन मोड में काम करने के निर्देश
सीएम धामी ने सड़क, पुल, पेयजल, स्वास्थ्य, यातायात और पार्किंग जैसी आधारभूत सुविधाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि चारधाम यात्रा, वर्षाकाल और कांवड़ यात्रा को ध्यान में रखते हुए कार्यों की ठोस योजना बनाई जाए, ताकि निर्माण कार्य समय पर पूरे हो सकें।
संगठन और राजनीतिक बयान भी चर्चा में
इस दौरान मुख्यमंत्री ने राजनीतिक मुद्दों पर भी बयान देते हुए पश्चिम बंगाल की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि वहां लोकतंत्र प्रभावित हुआ है और जनता बदलाव चाहती है। साथ ही उन्होंने भाजपा को एक मजबूत संगठन बताते हुए कहा कि पार्टी जमीनी स्तर तक सक्रिय है और जनता का विश्वास उसे लगातार मिल रहा है।
