देहरादून। देहरादून के चूना भट्ठा क्षेत्र में एक पुराने खंडहर में 28 वर्षीय महिला का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलने पर पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। प्रारंभिक जांच में महिला की मौत नशे के ओवरडोज से होने की आशंका जताई जा रही है।
मामले की जानकारी मिलते ही एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल, एसपी सिटी प्रमोद कुमार और एसपी देहात जया बलूनी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस के अनुसार शव करीब तीन से चार दिन पुराना प्रतीत हो रहा है। महिला के शरीर पर कुछ चोट के निशान भी मिले हैं, हालांकि मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
शिवानी के रूप में हुई पहचान
पुलिस ने शव की पहचान शिवानी के रूप में की है, जो डालनवाला क्षेत्र की सूरज बस्ती की रहने वाली थी। स्थानीय निवासी भागीरथ रावत के अनुसार, शिवानी ने करीब तीन साल पहले प्रेम विवाह किया था। बताया जा रहा है कि शादी से पहले ही दोनों पति-पत्नी नशे की लत के शिकार थे। महिला का एक दो वर्षीय बेटा भी है।
परिजनों के मुताबिक शिवानी लंबे समय से नशे की आदी थी और कई बार उसे हरिद्वार के नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया गया था, लेकिन वह इस आदत से बाहर नहीं आ सकी। उसका पति भी नशे की लत से जूझ रहा है और फिलहाल गाजियाबाद के एक नशा मुक्ति केंद्र में उपचार करा रहा है।
तीन दिन से थी लापता
परिवार ने बताया कि करीब 15 दिन पहले शिवानी नशा मुक्ति केंद्र से घर लौटी थी। इसके बाद वह तीन दिन से लापता थी। परिजनों का कहना है कि नशे की हालत में वह पहले भी कई बार एक-दो दिन के लिए घर से गायब हो जाती थी। महिला की छोटी बहन फिलहाल उसके बच्चे की देखभाल कर रही है, जबकि उसके पिता स्कूल का ऑटो चलाते हैं।
परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
महिला की मां ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि चूना भट्ठा इलाके में स्मैक का खुलेआम कारोबार चल रहा है। उनका कहना है कि कई बार इसकी शिकायत पुलिस से की गई, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई, जिसके कारण उनकी बेटी की जान चली गई।
जांच जारी
एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। प्रथम दृष्टया मामला नशे के ओवरडोज से मौत का प्रतीत हो रहा है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत का वास्तविक कारण सामने आएगा।
