चंपावत: चंपावत जिले के लोेहाघाट से कांग्रेस विधायक खुशाल सिंह अधिकारी और पाटी थाने के एसओ के बीच हुए विवाद का एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल क्लिप में विधायक ज़ोर-ज़ोर से एसओ पर चिल्लाते नजर आ रहे हैं, लेकिन सामने आया है कि यह वीडियो एडिटेड है और घटना का सिर्फ आधा सच दिखाता है।
क्या हुआ था 25 नवंबर को?
घटना सोमवार 25 नवंबर की है। विधायक अधिकारी अग्निवीर जवान दीपक के भिंगराणा में हुए अंतिम संस्कार में श्रद्धांजलि देने पहुंचे थे। वहां भारी भीड़ और अव्यवस्था देखकर उन्होंने एसओ से गाड़ियों को व्यवस्थित करने को कहा।
इसी दौरान गाड़ी हटाने को लेकर दोनों के बीच बहस हो गई। आरोप है कि एसओ ने उंगली उठाकर बात की और दुर्व्यवहार किया, जिसके बाद विधायक भड़क गए। वायरल वीडियो में यही हिस्सा गायब है।
सीओ की मध्यस्थता से मना-मनी हुई
मामला बढ़ता देख सीओ शिवराज सिंह राणा मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों के बीच समझौता कराया। एसओ ने विधायक को न पहचानने की बात स्वीकार की और माफी भी मांगी। घटना वहीं शांत हो गई।
सोशल मीडिया पर सिर्फ आधा सच!
शाम तक सोशल मीडिया पर एडिटेड वीडियो फैल गया, जिसमें घटना का पहला हिस्सा—एसओ का व्यवहार—पूरी तरह गायब था। केवल विधायक की चिल्लाहट वाला भाग वायरल होता रहा, जिससे लोगों में सवाल उठने लगे कि अंतिम संस्कार जैसे मौक़े पर विधायक को संयम दिखाना चाहिए था।
विधायक बोले—“मेरी छवि खराब करने की साजिश”
बुधवार को मीडिया से बातचीत में विधायक अधिकारी ने इसे एक सोची-समझी साजिश बताया।उन्होंने कहा,असामाजिक तत्वों ने जानबूझकर आधा वीडियो वायरल किया है, ताकि मेरी छवि खराब हो।
समर्थकों का दावा है कि एसओ ने ही उकसाया, जबकि आलोचक विधायक के व्यवहार पर सवाल उठा रहे हैं। विधायक ने आधा वीडियो वायरल करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी है।
प्रशासन की चुप्पी बरकरार
फिलहाल विवाद पर पुलिस प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
